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गर्मी की छुट्टियों में बच्चो के साथ समय कैसे बिताये How to Spend Time with Children in Summer Vacation

How to Spend Time with Children in Summer Vacation

How to Spend Time with Children in Summer Vacationमित्रो भारत के लगभग सभी स्कूलो में Summer Vacation शुरू हो गयी होगी | Summer Vacation शुरू होते ही सभी बच्चे छुट्टियों के लिए प्लान सोचने लग जाते है | अगर बच्चो को अच्छा ग्रुप मिल जाता है तो वो समर कैंप में चले जाते है और अगर बच्चो का ग्रुप नही मिलता है तो माता पिता के साथ घुमने जाने का प्लान बनाते है | Summer Vacation का समय ही वो समय है जब हम बच्चो का शारीरिक और मानसिक विकास कर सकते है | समर कैंप से उन्हें कई चीजे सीखने को मिलती है तो घुमने जाने से बच्चो के साथ साथ माता-पिता को भी मानसिक तनाव से मुक्ति मिलती है | तो आइये मित्रो आपको बताते है इन Summer Vacation में बच्चो के साथ समय कैसे बिताये |

ठंडी जगहों पर घुमने जाए और घुमने से पहले रिसर्च करे

कही घुमने जा रहे है तो वहा की जानकारिया भी पहले से जुटा ले | इसके लिए पहले से रिसर्च कर ले | वैसे तो बहुत सी जानकरिया पर्यटन विभाग भी दे देता है लेकिन बहुत से जानकारी आप खुद प्राप्त कर सकते है | इस बढ़े हुए ज्ञान को बोझ महसूस ना करे कई बार लग सकता है अरे घुमने निकले है कि अपना GK बढाने | ज्ञान कभी बोझ नही होता  ,वह आपकी ताकत बढ़ाता है |
यह ताकत आपको और आपके बच्चो को महसूस होगी , जब आप उस जगह पर पहुचेंगे जिसके बारे में रिसर्च की है | इससे आपको न तो किसी गाइड की जरूरत महसूस होगी ,ना किसी से पूछने की ,बल्कि जिसके बारे में आपने बच्चो को जानकारी दी है वो उसे देखेंगे तो उनके खुशी कई गुना बढ़ जायेगी | इस खुशी को आप भी महसूस करेंगे | यह सब सिर्फ इन Summer Vacation के लिए ना करे ,बल्कि अगले साल का प्लान भी पहले से बना ले | अपने परिवार के साथ किसी शौक को पूरा करने का आंनद ओर खी नही मिल सकता है |
जहा जा रहे है वहा कौनसी मशहूर इमारते है  ? उन्हें किसने कब बनवाया था ? किस पत्थर से बनी है  ? उसे बनाने में कितने दिन लगे थे  ? जहा आपने रुकने का बन्दोबस्त किया है वहा से कितनी दूर है  ? कैसे जाया जा सकता अहि  ? वहा कौनसी नदियों का उद्गम कहा से है ? उनके नाम क्या है  ? उन तक कैसे पहुचा जा सकता है  ? वहा की भाषा कौनसी है  ? क्या वहा कोई अभ्यारण्य है  ? अगर हा तो वहा कौनसे पशु पक्षी ,पेड़ है यह कि वहा का अभ्यारण्य किसी एक पशु को समर्पित है |जैसे कि असम का कांजीरंगा अभ्यारण्य गेंडे के लिए मशहूर है तो मध्यप्रदेश का कान्हा बाघ के लिए प्रसिद्ध हो | इनमे जाने के लिए समय कौन सा अच्छा है क्योंकि गर्मी के दिनों में पशु पक्षी धुप से बचने के लिए छिप जाते अहि इसलिए सवेरे का समय वहा जाने के लिए अच्छा रहता है |

बच्चो के साथ साथ अपने शौक भी पूरा करे

कई बार महिलाओं को ऐसा लगता  है कि विवाह से पहले हम संगीत सीखना चाहते थे  ,पेंटिंग में दिलचस्पी थी , कहानी लिख सकते थे  ,अच्छे खिलौने और गुडिया बनाते थे | कई साल डांस सीखा था , सिलाई सीखी थी  ,अच्छी ड्रेस डिजाईनिंग करते थे लेकिन शादी हो गयी | जिम्मेदारिया आ गयी और हमारी ये इच्छाए अधूरी रह गयी | कभी कभी लगता है कि क्या जीवन बस सुबह शाम गृहस्थी की जिम्मेदारिया पुरी करने के लिए बना था | आपको ऐसा सोचना किसी हद तक सही हो सकता है | मगर निराश ना हो बच्चो को कुछ नया सीखा रहे हूँ क्यों ना बच्चो के साथ साथ आप भी अपनी इच्छाए और शौक पुरे करे |
इसमें शर्म की कोई बात नही है कि बच्चो के बीच रहकर सीखेंगे तो बच्चे क्या सोचेंगे और लोग क्या कहेंगे | नया कुछ सीखने और करने के लिए उम्र कोई बाधा नही होती | बस दृढ़ निश्चय चाहिए कि हम भी अपने शौक पुरे कर सके | अपनी छिपी हुयी प्रतिभा को जगा सके | मशहूर नर्तकी प्रेतिमा बेदी ने भी बहुत ज्यादा उम्र में डांस सीखा और सफल डांसर बनी | मशहूर अभिनेता अशोक कुमार ने 66 वर्ष की उम्र में पेंटिंग सीखी थी | जब बच्चे के साथ सीखने के लिए आप भी उन जितनी ही छोटे बनेंगे तो यकीन मानिए आपको बच्चो के साथ बहुत आनन्द आएगा |
तो मित्रो आप इनSummer Vacation में कहा घुमने का प्लान है और कही घुमने नही जा रहे है तो इन Summer Vacation में क्या नया सीखे रहे है या सीखा रहे है हमे कमेंट में जरुर बताये |

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