Skip to main content

हाथियों से जुड़े रोचक तथ्य | Elephant Facts in Hindi

विश्व हाथी सुरक्षा दिवस पर पढिये हाथियों से जुड़े रोचक तथ्य | Elephant Facts in Hindi
विश्व हाथी सुरक्षा दिवस पर पढिये हाथियों से जुड़े रोचक तथ्य | Elephant Facts in Hindi

मित्रो , आपने मनुष्यों से हाथियों की दोस्ती पर कई फिल्मे देखी होगी | हाथी (Elephant) मनुष्यों का बेहद करीबी और वफादार जानवर के रूप में जाना जाता है | यह हमारी तरह अपनी भावनाए प्रदर्शित करता है | धरती का यह विशाल जानवर आज खतरे में है | इसके संरक्षण के प्रति जागरूकता के लिए 22 सितम्बर को “विश्व हाथी दिवस ” मनाया जाता है | आज मानव जाति ने अपने स्वार्थ के लिए अवैध शिकार करके उस संकट में डाल दिया है | समूचे विश्व में प्रतिदिन 104 हाथी (Elephant) और हर साल 4000 अफ़्रीकी-एशियाई हाथी मारे जा रहे है |
अफ्रीका में हाथी दांत और मांस दोनों के लिए शिकार किया जाता है जबकि भारत में ज्यादातर हाथी दांत के लिए नर हाथियों का शिकार होता है | असम ,अरुणाचल प्रदेश , मिजोरम ,मेघालय ,नागालैंड ,मणिपुर और त्रिपुरा में हाथी के शिकार से दोहरा लाभ होता है | मांस के साथ साथ उसकी खाल ,दांत और अन्य अंग भी मनमानी कीमतों पर बिक जाते है | कई प्रकार की दवाईया भी इनसे बनाई जाती है | दांत से बनी सजावटी वस्तुओ की मांग तो पुरे विश्व में है | इस जानवर के असुरक्षा के प्रति लोगो में
जागरूकता लाने के लिए 22 सितम्बर को “विश्व हाथी सुरक्षा दिवस ” मनाया जाता है |
हाथी को एलीफेंतेडी फॅमिली में रखा जाता है जिसके अंर्तगत कई प्रजातिया थी पर विशेषज्ञों के अनुसार वर्तमान में केवल दो प्रजाति जीवित है – पहला एलिफस और दूसरा लाक्सोडेंटा | तीसरी प्रजाति मैमथ विलुप्त हो चुकी है एलिफस प्रजाति में एशियाई या भारतीय हाथी आते है जबकि लाक्सोडेंटा में अफ्रीकी | खुले मैदानों के हाथी तथा अफ्रीकी जंगलो के हाथी दो प्रमुख जातिया आती है | एक अन्य जाति भी प्रस्तावित है जिसे पश्चिमी हाथी के नाम से जाना जाता है | आइये अब आपको इन सभी हाथियों (Elephant) के बारे में विस्तार से बताते है |

भारतीय हाथी | Indian Elephant

एलिफस मैक्सिम इंडिकस एशियाई हाथी (Elephant) की चार उपजातियो में से एक है जो भारत से लेकर इंडोनेशिया तक 12 एशियाई देशो (भारत ,बांग्लादेश , पाकिस्तान ,भूटान ,कम्बोडिया ,चीन ,लाओस ,मलेशियाई प्रायद्वीप ,म्यांमार ,नेपाल ,थाईलैंड और वियतनाम ) में पाए जाते है पर अधिकतर भारत में मिलते है | लम्बाई 6.5 मीटर तक एवं रंग हल्का स्लेटी होता है | ये जंगलो और घास के मैदानों में रहते है | भारत में 22 हजार जंगली और 3000 पालतू हाथी है | जिस नर हाथी के दांत नही होते है उन्हें मखना कहा जाता है |देश भर में इनके 32 संरक्षित क्षेत्र बनाये गये है |

अफीकी हाथी | African Elephant

लाक्सोडेंटा प्रजाति के सभी हाथियों को अफ्रीकी हाथी के नाम से जाना जाता है | ये 37 अफ़्रीकी देशो में पाए जाते है | सवाना हाथी खुले मैदानों के हाथियों से नर कंधे तक 3.2 मीटर तक तथा वजन 3500 किलो से 12000 किलो तक होते है | दुसरे अफ्रीकी हाथी थोडा छोटा और गठीला होता है तथा उसके दांत पतले और कम घुमावदार होते है | वजन 4500 किलो तक होता है ये मध्य और पश्चिमी अफ्रीका के घने वर्षा वाले वनों में रहते है | 1979 के अनुसार अफ्रीकी हाथियों की आबादी 13 लाख थी जो 2007 में घटकर 5 से 7 लाख के बीच रह गयी है |

एशियाई हाथी | Asian Elephant

ये उत्तरी चीन , ईराक ,दक्षिण ईरान , पाकिस्तान ,भारतीय उपमहाद्वीप ,श्रीलंका ,सुमात्रा तथा जावा के क्षेत्र में पाए जाते है | ये हाथी स्लेटी भूरे रंग का होता है | कुछ हाथी सफेद होते है जिन्हें एल्बिनो कहते है | म्यांमार में ऐसे हाथी पवित्र माने जाते है और इनसे काम नही लिया जाता | गणना के अनुसार जंगली एशियाई हाथियों की संख्या 37 से 57 हजार के बीच है जो जंगलो की कटाई और शिकार के कारण कम होते जा रहे है |एशियाई हाथी की कई उपजातिया अहै जिनमे एलिफस मैक्सिमस केवल श्रीलंका के द्वीप में पाए जाते है |

हाथियों से जुड़े रोचक तथ्य | Elephant Facts in Hindi

Elephants Facts in Hindi – Facts 1 to 10

  • रेलवे की शुरुवाती दिनों में डिब्बे धकेलने ,उठाने और माल ढोने के लिए क्रेन के स्थान पर हाथियों का प्रयोग किया जाता था |
  • हाथी दांत को “सफेद सोना ” कहा जाता है |
  • हाथी (Elephant) के मस्तिष्क का वजन 5 किलोग्राम से अधिक होता है जो किसी भी जमीन पर रहने वाले जानवर से अधिक है |
  • कुशाग्र प्राणी के क्रम में मनुष्य ,चिम्पंजी ,औरांगटांग के बाद हाथी को रखा गया है |
  • मनुष्य की तरह हाथी भी बड़े होते व्यवहार सीखते है और मानसिक सदमे का शिकार भी होते है |
  • हाथी (Elephant) खड़े खड़े सिर्फ 3 से 4 घंटे में ही नींद पुरी कर लेते है |
  • हाथी भोजन प्रेमी होते है और दिन के 16 से 18 घंटे खाने में बिता देते है |
  • हाथी दिन भर में लगभग 120 किलोग्राम भोजन खा जाते है जबकि 35 प्रतिशत ही पचा पाते है |
  • हाथियों की उम्र 65 से 70 वर्ष मानी जाती है | सबसे उम्रदराज हाथी की उम्र 80 वर्ष का दर्ज किया गया है |
  • हाथियों की सूंड करीब 2 मीटर लम्बी और बेहद मजबूत होती है | यह एक बार में अपनी सूंड से 8 से 9 लीटर पानी भर सकता है तथा 300 किलो तक वजन उठा सकता है |

Elephants Facts in Hindi – Facts 10 to 20

  • हाथियों की आँखे छोटी होने से इसकी रोशनी कम होती है ऐसे में सूंड का प्रयोग उसी प्रकार कर सकता है जैसे अँधा व्यक्ति हाथ में पकड़ी हुयी छड़ी का |
  • हाथियों की आँखों की पुतलिया जल्दी सुख जाती है जिन्हें नम रखने के लिए उनमे तरल पदार्थ की सुप्प्लाई होती रहती है जिसे लोग आंसू समझ बैठते है |
  • हाथियों के कान बहुत बड़े होते है और हमेशा यह अपने कान हिलाता रहता है क्योंकि विशालकाय शरीर की गर्मी को कानो के जरिये बाहर करता है | एक तरह से काम कूलर का काम करते है |
  • हाथियों की एक इंच मोटी चमड़ी इतनी संवेदनशील होती है कि अंग्र चींटी ,मच्छर या मक्खी काट ले तो घाव हो जाता है |
  • हाथी (Elephant) सूर्य की अल्ट्रा वायलेट किरणों से बचने के लिए शरीर पर मिटटी छिडकता है |
  • मादा हाथी चार साल में एक शावक को जन्म देती है कभी कभी जुड़वाँ बच्चो को भी |
  • नर हाथी 12 से 15 वर्ष में वयस्क होते है जबकि मादा 14 से 16 वर्ष में | तीन से चार वर्ष तक माँ दूध मिलाकर बच्चो का पालन एवं रक्षा करती है |
  • प्रसिद्ध दार्शनिक अरस्तु ने हाथियों के बारे में कहा था “हाथी वह जानवर है जो मन एवं बुद्धि से सभी जानवरों को पीछे छोड़ देता है “
  • हाथी खेलने में माहिर होते है |ये अक्सर अपने और दुसरो के मनोरंजन के लिए सूंड में पानी खीचकर फव्वारे की तरह पानी फेंकते है |
  • हाथी (Elephant) का बच्चा आराम करने के लिए अपनी सूंड को चूसता है |

Elephants Facts in Hindi – Facts 20 to 30

  • एक शोध के अनुसार हाथी सामाजिक बन्धनों को मानते है तथा कई समूह मिलाकर एक झुण्ड बनाते है |
  • झुण्ड का नेतृत्व सबसे अनुभवी मादा सदस्य द्वारा किया जाता है | अनुशासनहीन सदस्य को बाहर निकाल दिया जाता है |
  • झुण्ड के हाथी (Elephant) आपस में नही लड़ते है |
  • अगर झुण्ड का एक हाथी मर जाएय तो सारा झुण्ड मिलकर शोक मनाता है | वे पहले मृत शरीर को सहलाते है उस पर मिटटी और पत्तिया डाल कर ढंकते है और अगले कई दिनों तक उसके आस पास खड़े होकर अजीब आवाजे निकालकर शोक प्रकट करते है |
  • हाथी (Elephant) नकल में माहिर होते है और एक शोध के अनुसार हर हाथी के चिंघाड़ एक दुसरे से भिन्न होती है जिससे ये अपने झुण्ड में आये नये सदस्य को आसानी से पकड़ लेते है |
  • हाथी उपकरणों के प्रयोग में माहिर होते है सिखाने पर पेंटिंग कर लेते है | थाईलैंड में पर्यटकों का मसाज भी करते है |
  • हाथी (Elephant) अपनी खुजली मिटाने तथा मक्खियों को उड़ाने के लिए टहनियों का उपयोग करते है | कई बार समस्या सुलझाने में अपने अक्ल का प्रयोग करते देखे जा सकते है |
  • मनुष्यों की तरह हाथी भी राईट या लेफ्ट हैंडेड होते है |
  • हाथी पानी को 4.5 किमी की दूरी से सूंघ सकता है एवं प्रति मिनट 2 से 3 बार ही साँस लेता है |
  • हाथी एकमात्र ऐसा जानवर है जो कूद नही सकता है और जिसके चार घुटने होते है |

Elephants Facts in Hindi – Facts 30 to 40

  • अभी तक का सबसे वजनी हाथी का वजन 10,886 किलोग्राम है जिसकी उंचाई 13 फीट थी |
  • प्रतिदिन लगभग 100 से ज्यादा हाथियों को हाथीदांत के लिए मार दिया जाता है |
  • स्तनधारी जीवो में सबसे ज्यादा सूंघने की शक्ति अफ्रीकन हाथी के पास होती है |
  • थॉमस एडिसन ने 1903 में एक हाथी को करंट लगाने का परीक्षण किया था जिसमे उस हाथी की मौत हो गयी थी ये साबित करने के लिए कि टेस्ला का AC करंट खतरनाक था |
  • हाथियों को सबसे ज्यादा डर मधुमक्खियो से लगता है |
  • एक हाथी (Elephant) के दोनों दांत मिलकर 200 किलो तक वजन उठा सकते है |
  • दुनिया की एक मशहूर और महंगी काफी ब्रांड को हाथियों की लीद से बनाया जाता है |
  • हाथी (Elephant) 150 मील दूर से ही बारिश को महसूस कर लेते है |
  • हाथी (Elephant) के दिमाग का वजन 5 किलो होता है जो किसी पर धरती पर रहने वाले प्राणी में सबसे ज्यादा बड़ा है |
  • हाथी और कुत्ता दो ऐसे जीव है जो इशारों की भाषा आसानी से समझ जाते है |

Comments

Popular posts from this blog

Pythagoras Biography in Hindi | पायथोगोरस की जीवनी

Pythagoras Biography in Hindi पाईथागोरस (Pythagoras) को महान दार्शनिक और गणितज्ञ माना गया है | इनका जन्म  ईसा से भी 500 वर्ष पूर्व यूनान के सामोस नामक टापू में हुआ था | यह मनुष्य जाति का दुर्भाग्य ही कहा जाएगा कि प्राचीनकाल में लोग अपने विषय में किसी प्रकार की कोई सुचना लिखित रूप में प्रस्तुत करके नही रखा करते थे अत: उनके विषय में विस्तार से कुछ मिल पाना बड़ा असम्भव सा होता था | यही स्थिति पाईथागोरस की भी है | उस समय लिखने और संचार के साधनों का उतना विकास भी नही हुआ था और न ही शायद छपाई आदि की कोई व्यवस्था उस समय रही थी | पाईथागोरस (Pythagoras) के समय में तो कदाचित भोज-पत्र पर भी लिखने की प्रक्रिया चल पड़ी थी अथवा नही , कहना कठिन है | बाद के लेखको को पूर्ववर्ती पीढियों द्वारा कहा सूनी के आधार पर जो कुछ सूचनाये प्राप्त हो जाया करती थी उनके आधार पर ही उन महान पुरुषो के बारे में कुछ जानकारी मिलने लगी है | पाईथागोरस उस समय उत्पन्न हुए थे जब गणित अपनी आरम्भिक अवस्था में ही था किन्तु अपनी विद्वता के कारण इस महान दार्शनिक ने एक ऐसी प्रमेय का सूत्रपात किया जो विश्वभर में प्राथमिक कक्षाओ में ही व...

पहिये के अविष्कार की रोचक कहानी | Wheel Invention Story in Hindi

पहिये के अविष्कार की रोचक कहानी | Wheel Invention Story in Hindi आदिमानव लगभग 20,000 साल पहले पहिये दार गाडियों का उपयोग किया करते थे लेकिन विश्वसनीय प्रमाणों के आधार पर ज्ञात होता है कि पहिये का प्रचलन 3500 से 4000 ईस्वी पूर्व सीरिया और सुमेरियसा में ही सबसे पहले हुआ था | 3000 ईसा पूर्व तक मेसापोटामिया में पहिये का ख़ासा प्रचलन शूर हो चूका था और सिन्धु घाटी में यह लगभग 2500 वर्ष ईसा पूर्व पहुचा | पहिये का आविष्कार संसार में कब और कहा ,किस प्रकार हुआ या किसने किया , इस संबध में निश्चित रूप से कुछ नही कहा जा सकता | पहिये का लाभ उठाकर पैदल चलने की इस क्रिया यानि साइकिल का अविष्कार भले ही लगभग पौने दो सौ वर्ष पूर्व हुआ हो लेकिन पहिये का अविष्कार निश्चित रूप से हजारो वर्ष पूर्व हुआ हो इसके सर्वत्र प्रमाण मौजूद है | पौराणिक सभ्यताओं से लेकर हजारो वर्ष पुराणी पूरा-सामग्री में भी रथो या बैलगाडियों के होने के प्रमाण उपलब्ध है | फिर भी ऐसा समझा जाता है कि पहिये का अविष्कार “मेसापोटामिया” में यानि आधुनिक ईराक के एक हिस्से में कभी हजारो वर्ष पूर्व हुआ था | कहा जाता है कि किसी पेड़ के गोल...

भारत के प्रधानमंत्री और उनसे जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य | Indian Prime Ministers Facts in Hindi

भारत के प्रधानमंत्री और उनसे जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य | Indian Prime Ministers Facts in Hindi प्रधानमंत्री (Prime Minister) , विधायिका और कार्यपालिका दोनों का वास्तविक प्रधान होता है तथा मंत्रियों एवं राष्ट्रपति के बीच संवाद के लिए सेतु का कार्य करता है | राष्ट्रपति की शक्तियाँ औपचारिक ही है | व्यवहार में उसकी शक्तियों का उपयोग PM ही करता है | राष्ट्रपति , लोकसभा में बहुमत दल के नेता को ही प्रधानमंत्री (Prime Minister) नियुक्त करता है परन्तु यदि किसी दल को पूर्ण बहुमत न मिला हो तो सबसे बड़े दल को , यदि वह भी न हो तो चुनाव पूर्व सबसे बड़े गठ्बन्धन वाली पार्टी के नेता को PM नियुक्त करता है | साथ ही निर्धारित समयावधि में लोकसभा में मंत्रीमंडल को विश्वास मत प्राप्त करने को राष्ट्रपति को कह सकता है | आइये पहले भारत के सभी प्रधानमंत्रीयो की सूची पर एक नजर डालते है | भारत के प्रधानमंत्रियों की सूची | Prime Minister of India List in Hindi क्र. प्रधानमंत्री का नाम जन्म-मृत्यु वर्ष कार्यकाल दल 1 जवाहरलाल नेहरु 1889–1964 1947-1964 भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस 2 गुलजारीलाल नंदा 1898–1998 1964 (13 दिन) भारत...