
गुवाहाटी (Guwahati) का शाब्दिक अर्थ है सुपारी (गुवा) का बाजार (हाटी) और सचमुच गुवाहाटी एवं उसके आसपास सुपारी के वृक्षों की बहुतायत है | गुवाहाटी (Guwahati) के उत्तर में भूटान और अरुणाचल प्रदेश , दक्षिण में मेघालय , मिजोरम , त्रिपुरा और बांग्लादेश , पूर्व में नागालैंड और मणिपुर तथा पश्चिम में पश्चिमी बंगाल है | वर्तमान असम राज्य की राजधानी गुवाहाटी प्राचीनकाल में प्रागज्योतिषपुर के नाम से जाना जाता था | गुवाहाटी (Guwahati) को पूर्वोतर का प्रवेश द्वार भी कहा जाता है क्योंकि मेघालय , मणिपुर , नागालैंड , मिजोरम ,त्रिपुरा और अरुणाचल प्रदेश इसी से होकर जाना पड़ता है | गुवाहाटी पूर्व में अनेक राजाओं की राजधानी रह चूका है और यह शहर अपने में एक लम्बा इतिहास समेटे हुए है | कामख्या मन्दिर , वशिष्ट आश्रम आदि के कारण इसकी धार्मिक महत्ता ज्यादा है |
छोटी छोटी पहाडियों से घिरा गुवाहाटी (Guwahati) काफी फैला हुआ शहर है | सड़के चौड़ी और साफ़-सुथरी है | ब्रह्मपुत्र नदी इस शहर की शोभा को द्विगुणित कर देती है | गुवाहाटी (Guwahati) पूर्वोत्तर भारत का सबसे बड़ा शहर होने के कारण एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक केंद्र भी है | पूर्वोत्तर भारत का सबसे बड़ा चाय बिक्री केंद्र यही है | गुवाहाटी शहर में बंगाली , बिहारी और मारवाड़ी लोग काफी तादात में है | स्थानीय लोग आमतौर पर शांत और सहयोगात्मक प्रवृति वाली है | असम भारत में चाय का सबसे बड़ा उत्पादक राज्य है लेकिन गुवाहाटी एवं आसपास चाय की खेती कम ही देखने को मिलती है | हां भीतरी भागो में चाय की सघन खेती अवश्य होती है | गुवाहटी में पर्यटकों के लिए बहुत कुछ है लेकिन पूर्वोत्तर राज्यों की हिंसक गतिविधियों ने इस क्षेत्र के पर्यटन को काफी नुकसान पहुचाया है |
गुवाहाटी के दर्शनीय स्थल | Popular Tourist Places of Guwahati
कामख्या मन्दिर (Kamakhya Temple) – कामाख्या मन्दिर या शक्तिपीठ गुवाहाटी स्टेशन से लगभग 8 किमी की दूरी पर नीलांचल पर्वत पर अवस्थित है | कामख्या मन्दिर से सटे अन्य कई मन्दिर भी है | कामख्या मन्दिर तक पहुचने के लिए बाजार से या स्टेशन के निकट से राज्य परिवहन निगम की बसे उपलब्ध है |
वशिष्ट आश्रम (Vashisht Aashram)- गुवाहाटी स्टेशन से लगभग 15 किमी की दूरी पर स्थित इस स्थान पर कभी महर्षि वशिष्ट रहा करते थे | इस स्थान पर पेशेवर फोटोग्राफर भी मौजूद रहते है जो तुंरत फोटो खींच कर देते है लेकिन वे 40 रूपये की दर से पैसे वसूलते है इसलिए बेहतर है कि आप अपने साथ कैमरा लेकर जाय |
नेहरु पार्क (Nehru Park)- गुवाहाटी रेलवे स्टेशन से लगभग 2 किमी की दूरी पर स्थित यह एक खुबसुरत पार्क है | यहाँ शाम को बड़ी चहल-पहल रहती है | बच्चो के मनोरंजन हेतु यहाँ ढेर सारी सुविधाए है | किस्म-किस्म के फूलो एवं तरतीब से लगाये गये सजावटी वृक्षों से युक्त इस पार्क में एक म्यूजिकल फाउंटेन भी है | संगीत की धुन पर फव्वारों के बनते-बिगड़ते बहुविध रूप एक अद्भुद शमा बाँध देते है |
चिड़ियाखाना – चिड़ियाखाना एवं जैविक उद्यान रेलवे स्टेशन से 5 किमी की दूरी पर है | यहाँ नाना किस्म के पशु-पक्षियों का जमावड़ा है | ये रंग-बिरंगे पशु-पक्षी आगन्तुको को सम्मोहित कर देते है | यहाँ सांप की अनेक प्रजातियों का दुर्लभ संग्रह भी देखने लायक है |
स्टेट म्यूजियम (State Museum)- यह म्यूजियम गुवाहाटी का एक प्रमुख आकर्षण है | यहाँ एतेहासिक महत्व की ढेर सारी चीज बड़े करीन से सजा कर रखी गयी है | म्यूजियम के अवलोकन हेतु कम से कम तीन घंटे का समय चाहिए | म्यूजियम सोमवार को बदं रहता है | यह म्यूजियम रेलवे स्टेशन से कुछ ही दूर है | म्यूजियम के पास ही रवीन्द्र भवन है और एक पार्क भी |
अन्य प्रमुख आकर्षण | Other Popular Attraction of Guwahati
उमानंदा – शिव को समर्पित यह एक एतेहासिक मन्दिर ब्रह्मपुत्र नदी के बीच टापू पर बना है |
टी.वी.टावर – पुरे गुवाहाटी शहर के विहंगम दृश्यावलोकन के लिए यह उत्तम स्थान है |
विश्वविद्यालय – 1948 में स्थापित गुवाहाटी विश्वविद्यालय देश का एक प्रतिष्टित विश्वविद्यालय है | इसकी प्राकृतिक सुन्दरता देखते ही बनती है | इसके अतिरिक्त गांधी मंडप , गीता मन्दिर , तेल-शोधक कारखाना आदि भी दर्शनीय है |
कब जाए | Best Time to Visit
गुवाहाटी की यात्रा किसी भी सीजन में की जा सकती है लेकिन वैसे पर्यटकों को , जो गुवाहाटी को केंद्र मानकर निकटवर्ती पर्यटन स्थलों जैसे शिलोंग , काजीरंगा , मनसा इत्यादि जाने के भी इच्छुक है के लिए सितम्बर से मई के बीच जाना उचित होगा
कैसे जाए
वायु मार्ग – इंडियन एयरलाइन्स और वायु दूत की उड़ाने गुवाहाटी को कोलकाता , बाग़डोगरा ,इम्फाल ,अगरतला ,दीमापुर , आइजोल , डिब्रूगढ़ आदि स्थानों से जोडती है |
रेल मार्ग – गुवाहाटी उत्तर-पूर्व रेलवे का मुख्य केंद्र है जो दिल्ली, लखनऊ , डिब्रूगढ़ तथा अन्य बड़े शहरों से जुड़ा है |
सडक मार्ग – गुवाहटी देश के प्रमुख नगरो तथा अपने पड़ोसी राज्यों के नगरो से जुड़ा हुआ है | उत्तर-पूर्व के विभिन्न शहरों से यहाँ के लिए सरकारी बसे चलाई जाती है | प्राइवेट बसे , डीलक्स विडियो कोच भी उपलब्ध है |
Comments
Post a Comment